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कहता था तू ना मिला मुझे, तो मैं मर जाऊंगा। वो आज भी जिंदा है यही बात, किसी और से कहने के लिए। Kehta Tha Tu Naa Mila Mujhe,…
एक वो था बदल गया, एक में था बिखर गया, एक वक़्त था गुज़र गया। एक दिन शिकायत तुम्हे वक्त और जमाने से नही खुद से होगी की जिंदगी…
आसान नही होता यूँ मुड़कर लौट आना, “काश” ..समझ पाते तुम ये बात ……मेरे जाने से पहले ! Ye Meri Mahobbat Aur Uski Nafrat Ka …
Fikr Hai Sabko Khud Ko Sahi Sabit Karne Ki, Jaise Zindagi, Zindagi Nahi Koi Iljaam Hai. फिक्र है सबको खुद को सही साबित करन…
Ek Ajib Si Kashmakash Thi, Uske Jane ke Baad, Na Jine Ki Khwahish Thi, Na Marne Ka Irada. Aise Rishte Ka Bharam Rakhna…